Saturday, 8 October 2016

नाम सिर्फ बुलाने भर को हैं 
हमें नाम मिल जाता है 
नाम में हम नही मिलते 
सार्थक को सार्थक नही करते
विश्वास पर विश्वास नही करते
आनंद आनंद में नही
शांति को शांति नही
ज़िन्दगी गुज़र जाती है 
और कहते हैं जिंदगी जी नही 
मिलती है तो दूर भागते हैं 
वरना पीछे भागते हैं 
जो है उसे सँभालते नही 
जो नही है उसे भूलते नही
औचित्य को किनारे रख 
बेसिरपैर से चिंतित 
मानव ...चेतना से परे
तू कुछ भी नही ....!!!
-शालिनी

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